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Wednesday, August 12, 2026


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देश के कई हवाई अड्डों की डीजीसीए ने जांच की; विमानन प्रणाली में मिली में कई खामियां

नई दिल्ली: अहमदाबाद विमान हादसे और हवाई सेवाओं से जुड़ी तमाम घटनाओं के बाद देश के प्रमुख हवाई अड्डों और एयरलाइंस की हाल ही में की गई निगरानी के दौरान विमानन नियामक नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (डीजीसीए) ने कई गंभीर खामियों का पता लगाया है। डीजीसीए ने इन खामियों को गंभीरता से लेते हुए संबंधित ऑपरेटरों को सात दिनों के भीतर जरूरी सुधार करने के निर्देश दिए हैं।
देश के बड़े हवाईअड्डों पर निगरानी के दौरान विमानन नियामक संस्था डीजीसीए ने कई खामियों का पता लगाया है। एक आधिकारिक बयान में डीजीसीए ने बताया कि एविएशन इकोसिस्टम यानी विमानन प्रणाली में कई स्तरों पर लापरवाही और खराब रखरखाव की समस्याएं पाई गई हैं। जानकारी के मुताबिक, इस निगरानी में उड़ान संचालन, उड़ान योग्यता, रैम्प सुरक्षा, वायु यातायात नियंत्रण (एटीसी), संचार, नेविगेशन और निगरानी (सीएनएस) प्रणालियां, और उड़ान-पूर्व चिकित्सा मूल्यांकन जैसे कई महत्वपूर्ण क्षेत्र शामिल थे। डीजीसीए की जांच में सामने आया कि कई हवाईअड्डों पर रनवे के बीच की लाइनें धुंधली हो चुकी हैं, जिससे विमानों को उतरने और उड़ान भरने में परेशानी हो सकती है। इसके अलावा, रैपिड एग्जिट टैक्सीवे पर लगी हरी लाइटें एक दिशा में नहीं जल रही थीं, जो विमान संचालन के लिहाज से एक बड़ी तकनीकी कमी मानी जाती है।
इस निगरानी के दौरान एक घटना में एक घरेलू एयरलाइन की उड़ान सिर्फ इसलिए रोकी गई क्योंकि विमान के टायर जरूरत से ज्यादा घिस चुके थे। डीजीसीए ने बताया कि जरूरी मरम्मत के बाद ही विमान को उड़ान की अनुमति दी गई। डीजीसीए के मुताबिक, कई मामलों में विमानों में पहले जो खराबियां पाई गई थीं, वे फिर से सामने आईं, जिससे यह साफ होता है कि मरम्मत या सुधार के काम ठीक से नहीं किए गए थे। संयुक्त महानिदेशक के नेतृत्व में दो टीमों ने दिल्ली और मुंबई हवाई अड्डों समेत प्रमुख हवाई अड्डों पर रात और सुबह के समय निगरानी की। निगरानी निष्कर्षों के बारे में एक विस्तृत बयान में, डीजीसीए ने कई मामलों को सूचीबद्ध किया, जिसमें रिपोर्ट की गई खामियां विमान में कई बार फिर से दिखाई दीं, जो अप्रभावी निगरानी और अपर्याप्त सुधार का संकेत देती हैं।
डीजीसीए ने कहा है कि इस तरह की गड़बड़ियों से यात्रियों की सुरक्षा पर असर पड़ सकता है, और एयरलाइनों को चेतावनी दी गई है कि वे विमान और एयरपोर्ट के रखरखाव में कोई लापरवाही न करें। वहीं इस जांच के बाद ये उम्मीद है कि सरकार अब एयरपोर्ट्स और एयरलाइंस की निगरानी और सख्त करेगी, ताकि ऐसी तकनीकी खामियां समय पर सुधारी जा सकें और यात्रियों की सुरक्षा को कोई खतरा न हो। डीजीसीए की रिपोर्ट में कहा गया है कि कई विमानों में पहले दर्ज की गई खामियां बार-बार सामने आ रही हैं। इससे साफ होता है कि इन खामियों की सही निगरानी नहीं हो रही और मरम्मत कार्य भी ठीक से नहीं किया जा रहा। इसके अलावा ग्राउंड हैंडलिंग के उपकरण जैसे बैगेज ट्रॉली, बीएफएल आदि भी खराब हालत में पाए गए। विमानों की लाइन मेंटेनेंस और

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