26.4 C
Dehradun
Wednesday, June 24, 2026


spot_img

जनगणना 2027 के सफल संचालन के लिए शासन ने जारी किए दिशा-निर्देश

देहरादून। उत्तराखण्ड शासन द्वारा आगामी जनगणना 2027 के सुचारु एवं सफल संचालन हेतु विस्तृत दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं। सचिव जनगणना दीपक कुमार द्वारा जारी इन निर्देशों में जनसामान्य से अपेक्षा की गई है कि वे जनगणना कार्य के दौरान पूर्ण सहयोग प्रदान करें तथा पूछे गए सभी प्रश्नों के सटीक एवं स्पष्ट उत्तर दें।
निर्देशों में बताया गया है कि जनगणना देश का एक महत्वपूर्ण एवं प्राथमिक सांख्यिकीय स्रोत है, जिसके माध्यम से मकानों की स्थिति, उपलब्ध सुविधाएं, संपत्तियां, जनसांख्यिकी विवरण, साक्षरता, धर्म, आर्थिक गतिविधियां, प्रवासन आदि से संबंधित जानकारी ग्राम एवं नगर स्तर तक उपलब्ध होती है। इन आंकड़ों का उपयोग केंद्र, राज्य एवं संघ राज्य क्षेत्रों की सरकारों द्वारा योजनाओं के निर्माण, नीति निर्धारण तथा प्रभावी प्रशासनिक व्यवस्था के संचालन में किया जाता है। साथ ही, यह डेटा संसदीय, विधानसभा, पंचायत एवं अन्य स्थानीय निकायों के निर्वाचन क्षेत्रों के परिसीमन एवं आरक्षण के लिए भी अत्यंत महत्वपूर्ण होता है।
दिशा-निर्देशों के अनुसार, जनगणना अधिकारी को अपने निर्धारित क्षेत्र में प्रत्येक व्यक्ति से केंद्र सरकार द्वारा अधिसूचित प्रश्न पूछने का अधिकार होगा। प्रत्येक नागरिक का यह वैधानिक दायित्व होगा कि वह अपनी सर्वोत्तम जानकारी के अनुसार सही उत्तर प्रदान करे। हालांकि, किसी भी व्यक्ति को अपने परिवार की किसी महिला सदस्य का नाम बताने के लिए बाध्य नहीं किया जाएगा तथा कोई महिला अपने पति, मृत पति या ऐसे किसी व्यक्ति का नाम बताने के लिए बाध्य नहीं होगी, जिसका नाम बताना सामाजिक परंपराओं के विरुद्ध हो। इसके अतिरिक्त, प्रत्येक गृहस्वामी या अधिभोगी को जनगणना अधिकारियों को अपने परिसर में युक्तियुक्त प्रवेश की अनुमति देनी होगी तथा जनगणना कार्य हेतु आवश्यक चिन्ह, अक्षर या संख्यांक अंकित करने या लगाने की अनुमति भी देनी होगी।
निर्देशों में यह भी स्पष्ट किया गया है कि यदि कोई व्यक्ति जानबूझकर गलत जानकारी देता है, सही उत्तर देने से इंकार करता है, जनगणना अधिकारी को प्रवेश से रोकता है या जनगणना से संबंधित चिन्हों को हटाता या क्षति पहुंचाता है, तो उसके विरुद्ध विधिक कार्यवाही एवं दण्ड का प्रावधान है। साथ ही, यह भी निर्देशित किया गया है कि जनगणना के दौरान संकलित किसी भी अभिलेख, रजिस्टर या अनुसूची का निरीक्षण किसी भी व्यक्ति द्वारा नहीं किया जा सकेगा।

spot_img

Related Articles

Latest Articles

प्रधानमंत्री की आर्थिक सलाहकार परिषद के अध्यक्ष प्रो. एस. महेंद्र देव ने कहा, भारत...

0
नई दिल्ली। प्रधानमंत्री की आर्थिक सलाहकार परिषद के अध्यक्ष प्रो. एस. महेंद्र देव ने कहा कि भारत ने उर्वरक क्षेत्र में कई महत्वपूर्ण सुधार...

सरकार ने कहा–अल नीनो के कारण कमजोर मॉनसून के संभावित असर से निपटने में...

0
नई दिल्ली। कृषि और किसान कल्याण मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि सरकार अल नीनो के कारण मानसून के संभावित दुष्‍प्रभाव से निपटने...

राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने नागरिक अलंकरण के दूसरे समारोह में पद्म पुरस्कार प्रदान किए

0
नई दिल्ली।  राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने आज राष्ट्रपति भवन में आयोजित दूसरे नागरिक सम्मान समारोह में पद्म पुरस्कार प्रदान किए। पद्म पुरस्कार देश के...

ब्रिक्स देशों के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकारों-एन.एस.ए की 16वीं बैठक नई दिल्ली में संपन्न

0
नई दिल्ली। ब्रिक्स देशों के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकारों-एन.एस.ए की 16वीं बैठक आज नई दिल्ली में हुई। इसमें ब्रिक्स सदस्य देशों के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार...

बीएलओ और फील्ड स्टाफ की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकताः मुख्य निर्वाचन अधिकारी

0
देहरादून। जनपद देहरादून में विशेष गहन पुनरीक्षण कार्य में जुटे बूथ लेवल अधिकारी के साथ हुई अभद्रता पर मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने सख्त रूख...