28.2 C
Dehradun
Tuesday, July 14, 2026


spot_img

सुप्रीम कोर्ट का बड़ा फैसला, पहले यौन शोषण बाद में समझौता, नहीं रद होगा केस

नई दिल्ली। अक्सर हम देखते हैं कि यौन शोषण के मामले में समझौता होने के बाद कोर्ट केस को रद कर देता है। लेकिन एक में सुप्रीम कोर्ट ने फैसला सुनाते हुए कहा कि शिकायतकर्ता और आरोपी के बीच समझौता होने के बाद भी यौन शोषण के मामले को रद नहीं किया जा सकता है। साथ ही, सुप्रीम कोर्ट ने राजस्थान हाईकोर्ट के फैसले को भी रद कर दिया। सुप्रीम कोर्ट ने फैसला सुनाते हुए टिप्पणी की कि यौन उत्पीड़न के मामले को इस आधार पर रद नहीं किया जा सकता कि शिकायतकर्ता और आरोपी के बीच समझौता हो गया है। राजस्थान हाईकोर्ट ने समझौते के आधार पर यौन उत्पीड़न के मामलों को रद कर दिया गया था जिसको सुप्रीम कोर्ट ने पलट दिया और हाईकोर्ट के आदेश को रद कर दिया। जस्टिस सीटी रविकुमार और पीवी संजय कुमार की खंडपीठ ने अहम फैसला सुनाया और कहा कि राजस्थान उच्च न्यायालय के फैसले को आदेश को रद कर दिया गया है और खारिज कर दिया गया है, एफआईआर और आपराधिक कार्यवाही कानून के अनुसार आगे बढ़ाई जाएगी। पीठ ने स्पष्ट किया कि उसने मामले के गुण-दोष पर कोई टिप्पणी नहीं की है।
बार और बेंच की रिपोर्ट के मुताबिक फैसला पिछले साल अक्टूबर में सुरक्षित रखा गया था और यह उस मामले में आया था जिसमें यह सवाल था कि क्या सीआरपीसी की धारा 482 के तहत अपनी शक्तियों का प्रयोग करते हुए उच्च न्यायालय के पास आरोपियों के बीच समझौते के आधार पर यौन उत्पीड़न के मामले को रद करने की शक्ति है।
मामला राजस्थान का है मामला 2022 का है। जब राजस्थान के गंगापुर में एक नाबालिग दलित लड़की ने सरकारी स्कूल के शिक्षक पर यौन उत्पीड़न का लगाया और पुलिस में शिकायत कराई थी। वहीं, पुलिस ने छानबीन करने के बाद शिक्षक के खिलाफ पॉक्सो एक्ट और एससी-एसटी एक्ट के तहत केस दर्ज किया था और बाद में नाबालिग के खिलाफ बयान भी दर्ज किया गया था। शीर्ष अदालत ने शुरू में कहा था कि किसी आपराधिक मामले में किसी अप्रभावित पक्ष द्वारा याचिका दायर नहीं की जा सकती है, हालांकि, बाद में इस मुद्दे को उठाने और इसकी जांच करने का फैसला किया गया। इसके बाद आदेश दिया गया कि आरोपी और पीड़िता के पिता को मामले में एक पक्ष बनाया जाए।

spot_img

Related Articles

Latest Articles

सर्वोच्च न्यायालय का केंद्र को निर्देश, वायुयान नियमों को 2 सप्ताह के भीतर रिकॉर्ड...

0
नई दिल्ली। सर्वोच्च न्यायालय ने केंद्र सरकार को भारतीय वायुयान अधिनियम, 2024 के अंतर्गत बनाए गए नियमों को दो सप्ताह के भीतर रिकॉर्ड पर...

नीट यूजी 2026 री-एग्जाम की OMR शीट जारी

0
नई दिल्ली। राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी –एनटीए ने आधिकारिक वेबसाइट neet.nta.nic.in पर उम्मीदवारों के लिए नीट यूजी 2026 की पुनः परीक्षा के लिए ओएमआर शीट...

मुख्यमंत्री ने विभिन्न विकास योजनाओं के लिए प्रदान की 17 करोड़ की वित्तीय स्वीकृति

0
देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने विभिन्न विकास योजनाओं के तहत नलकूप निर्माण, सीवरेज लाईन बिछाये जाने तथा आपदा प्रभावितों को आर्थिक सहायता उपलब्ध...

केंद्र सरकार से उत्तराखंड को पूंजीगत निवेश के लिए 451.63 करोड़ की विशेष सहायता...

0
देहरादून। उत्तराखंड को आधारभूत अवसंरचना एवं पूंजीगत विकास कार्यों को गति देने के लिए केंद्र सरकार ने बड़ी वित्तीय सहायता प्रदान की है। भारत...

प्रदेश में स्टेट साइबर क्राइम कोऑर्डिनेशन सेंटर स्थापित करने के मुख्य सचिव ने दिए...

0
देहरादून। मुख्य सचिव आनन्द बर्द्धन ने सोमवार को सचिवालय में साइबर क्राइम को लेकर सचिव गृह एवं पुलिस अधिकारियों के साथ बैठक की। इस...