25 C
Dehradun
Thursday, February 19, 2026


spot_img

चुनाव आयोग का एलान-बिहार चुनाव और उपचुनाव में तैनात होंगे 320 आईएएस अफसरों समेत 470 केंद्रीय पर्यवेक्षक

नई दिल्ली। चुनाव आयोग ने बिहार विधानसभा चुनाव और सात अन्य राज्यों के उपचुनावों में निष्पक्षता सुनिश्चित करने के लिए 470 अधिकारियों को केंद्रीय पर्यवेक्षक के रूप में तैनात करने का फैसला किया। ये पर्यवेक्षक चुनाव की निगरानी करते हुए पूरी प्रक्रिया के दौरान आयोग को रिपोर्ट देंगे और चुनाव में सुधार के सुझाव देंगे। उनका मुख्य काम चुनाव को स्वतंत्र, निष्पक्ष और पारदर्शी बनाना तथा चुनाव खर्च की भी निगरानी करना है।
चुनाव आयोग (ईसीआई) ने बिहार में होने वाले विधानसभा चुनाव और कुछ राज्यों में उपचुनावों के लिए केंद्रीय पर्यवेक्षक (सामान्य, पुलिस और व्यय) तैनात करने का फैसला लिया है। आयोग ने विभिन्न राज्यों में सेवाएं दे रहे कुल 470 अधिकारियों को केंद्रीय पर्यवेक्षक के रूप में नियुक्त करने का फैसला किया है। इनमें भारतीय प्रशासनिक सेवा (आईएएस) के 320 अधिकारी, भारतीय पुलिस सेवा (आईपीएस) के 60 अधिकारी और भारतीय राजस्व सेवा (आईआरएस) के 90 अधिकारी शामिल हैं। इसके अलावा, आईआरएएस, आईसीएएस जैसी सेवाओं से अधिकारी इसमें शामिल हैं।
आयोग के मुताबिक, ये सभी अधिकारी बिहार में होने वाले विधानसभा आम चुनाव और जम्म कश्मीर, राजस्थान, झारखंड, तेलंगाना, पंजाब, मिजोरम और ओडिशा में होने वाले उपचुनावों के लिए नियुक्त किए जा रहे हैं।
चुनाव आयोग ने एक प्रेस नोट में बताया, बिहार विधानसभा चुनाव और कुछ राज्यों में उपचुनाव के लिए केंद्रीय पर्यवेक्षकों (सामान्य, पुलिस और व्यय) की तैनाती होगी। आयोग संविधान के अनुच्छेद 324 और प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1951 की धारा 20बी के तहत प्रदत्त शक्तियों के तहत निर्वाचन क्षेत्रों में चुनाव की निगरानी के लिए केंद्रीय पर्यवेक्षक नियुक्त करता है। पर्यवेक्षक नियुक्ति से लेकर चुनाव प्रक्रिया पूरी होने तक आयोग की देखरेख, नियंत्रण और अनुशासन में कार्य करते हैं।’पर्यवेक्षक यह सुनिश्चित करने की महत्वपूर्ण और गंभीर जिम्मेदारी निभाते हैं कि चुनाव निष्पक्ष, तटस्थ और विश्वसनीय हों, जो हमारी लोकतांत्रिक व्यवस्था की नींव है। वे आयोग की आंख और कान होते हैं और समय-समय पर रिपोर्ट देते रहते हैं। पर्यवेक्षक आयोग को स्वतंत्र, निष्पक्ष, पारदर्शी और समावेशी चुनाव कराने में मदद करते हैं और साथ ही मतदाताओं की जागरूकता और भागीदारी बढ़ाने में योगदान देते हैं।’
पर्यवेक्षकों का मुख्य उद्देश्य उन क्षेत्रों की पहचान कर ठोस सुझाव देना है जिनमें सुधार की जरूरत है। अपनी वरिष्ठता और प्रशासनिक सेवाओं के अनुभव के आधार पर सामान्य और पुलिस पर्यवेक्षक चुनाव के निष्पक्ष संचालन में आयोग की सहायता करते हैं और क्षेत्र स्तर पर चुनाव प्रक्रिया के प्रभावी प्रबंधन की निगरानी करते हैं। व्यय पर्यवेक्षक उम्मीदवारों के चुनाव खर्च की निगरानी करते हैं। चुनाव आयोग ने बिहार विधानसभा चुनाव और जम्मू-कश्मीर (बडगाम एवं नगरोटा), राजस्थान (अन्ता), झारखंड (घाटसिला), तेलंगाना (जुबली हिल्स), पंजाब (तारण-तारन), मिजोरम (डम्पा) और ओडिशा (नुआपाड़ा) में होने वाले उपचुनावों के लिए विभिन्न राज्यों में तैनात 470 अधिकारियों (320 आईएएस, 60 आईपीएस और 90 आईआरएस/आईआरएएस/आईसीएएस आदि) को केंद्रीय पर्यवेक्षक के रूप में तैनात करने का निर्णय लिया है।
ओडिशा की नुआपाड़ा विधानसभा सीट पर उपचुनाव बिहार चुनाव के साथ होने की संभावना
भारत निर्वाचन आयोग (ईसीआई) ने रविवार को कहा कि ओडिशा की नुआपाड़ा विधानसभा सीट पर उपचुनाव आगामी बिहार चुनाव के साथ ही होने की संभावना है। नुआपाड़ा विधानसभा क्षेत्र मौजूदा विधायक राजेंद्र ढोलकिया के निधन के चलते खाली हुई है। ढोलकिया नुआपाड़ा सीट से चार बार विधायक रहे। वह 2022 से 2024 तक नवीन पटनायक मंत्रिमंडल में मंत्री रहे।

spot_img

Related Articles

Latest Articles

बांग्लादेश में मॉब हिंसा पर सख्ती, BNP ने पेश की कानून-व्यवस्था बहाली के लिए...

0
ढाका:  बांग्लादेश की नई बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी (बीएनपी) नेतृत्व वाली सरकार ने देश में बढ़ती मॉब हिंसा, हत्याओं और अल्पसंख्यक समुदायों पर हमलों को...

भारत ने टी20 विश्व कप में लगातार 12वीं जीत दर्ज की

0
अहमदाबाद: शिवम दुबे की शानदार बल्लेबाजी के बाद वरुण चक्रवर्ती की गेंदबाजी के दम पर भारत ने नीदरलैंड को 17 रनों से हराया। गत...

अमेरिका-ईरान युद्ध की आशंका तेज, हफ्तों तक चल सकता है संघर्ष; इस्राइल भी तैयार

0
वॉशिंगटन: अमेरिका और ईरान के बीच बढ़े हालिया तनाव के बाद युद्ध की आशंका तेज हो गई है। परमाणु समझौते पर वार्ताओं की विफलता...

भागवत से सीएम योगी की मुलाकात ने बढ़ाई सियासी सरगर्मी, करीब 35 मिनट तक...

0
लखनऊ: प्रदेश में मंत्रिमंडल विस्तार और संगठन में फेरबदल होने की अटकलों के बीच मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ (आरएसएस) के...

सचिव आयुष ने विभागीय कार्यों की समीक्षा की, चिकित्सालयों के सुदृढ़ीकरण और डिजिटलीकरण को...

0
देहरादून। सचिव आयुष रंजना राजगुरु की अध्यक्षता में आयुष विभाग के महत्वपूर्ण एजेन्डा बिंदुओं पर एक विस्तृत समीक्षा बैठक आयोजित की गई, जिसमें निदेशक...