33.2 C
Dehradun
Thursday, April 23, 2026


spot_img

सरकार का बड़ा फैसला; सभी नए मोबाइल फोन में 90 दिनों के भीतर प्री-इंस्टॉल होगा ‘संचार साथी’ एप

नई दिल्ली: दूरसंचार विभाग (DoT) ने मोबाइल फोन कंपनियों को बड़ा निर्देश जारी किया है। अब देश में बनने या आयात होकर आने वाले हर नए स्मार्टफोन्स में ‘संचार साथी’ एप को प्री-इंस्टॉल करना अनिवार्य होगा। कंपनियों को इस नियम को लागू करने के लिए 90 दिन का समय दिया गया है।
28 नवंबर को जारी दिशा-निर्देश के मुताबिक, 90 दिनों के बाद भारत में बनने या आयात किए जाने वाले सभी मोबाइल फोन में संचार साथी एप पहले से मौजूद होना चाहिए। यह एप फोन सेटअप के दौरान आसानी से दिखाई दे और इसे हटाया या डिसेबल ना किया जा सके। सरकार ने साफ कहा है कि यह नियम सभी कंपनियों पर लागू होगा। चाहे वह एपल, सैमसंग, गूगल, शाओमी, वीवो या कोई दूसरा ब्रांड हो।
जो मोबाइल फोन पहले से बन चुके हैं या बिक्री के लिए स्टोर में मौजूद हैं, उनमें भी यह एप जोड़ना अनिवार्य होगा। इसके लिए कंपनियों को सॉफ्टवेयर अपडेट के जरिए संचार साथी एप उपलब्ध कराना होगा। निर्माताओं और आयातकों को इस आदेश का पालन करने के लिए 120 दिनों के अंदर दूरसंचार विभाग में रिपोर्ट जमा करनी होगी।
संचार साथी एप मोबाइल सुरक्षा से जुड़े मामलों को रोकने के लिए बनाया गया है। इस एप के जरिए मोबाइल के IMEI नंबर की जांच की जा सकती है। IMEI से जुड़े किसी भी फर्जीवाड़े की शिकायत दर्ज की जा सकती है। एप से खोए या चोरी हुए फोन की रिपोर्ट दर्ज की जा सकती है। फर्जी कॉल या धोखाधड़ी की शिकायत भी की जा सकती है। सरकार के अनुसार, IMEI से छेड़छाड़ करना गंभीर अपराध है। यह गैर जमानती अपराध है और दूरसंचार अधिनियम 2023 के अनुसार इसमें 3 साल की जेल, 50 लाख रुपये तक का जुर्माना या दोनों हो सकते हैं।
सरकार ने कहा है कि मोबाइल कंपनियां यह सुनिश्चित करें कि संचार साथी एप डिवाइस पर आसानी से दिखे। एप की सुविधाओं को डिसेबल किया या छुपाया ना जाए। जिससे उपयोगकर्ता एप को बिना किसी रुकावट के इस्तेमाल कर सकें। अगर निर्देशों का पालन नहीं किया गया तो कंपनियों पर दूरसंचार अधिनियम 2023, दूरसंचार साइबर सुरक्षा नियम 2024 सहित अन्य कानूनों के तहत कार्रवाई की जाएगी।
इस आदेश के कुछ दिनों पहले ही सरकार ने वाट्सएप, सिग्नल, टेलीग्राम जैसी एप-आधारित सेवाओं पर भी नए नियम लागू किए थे। इन एप्स को उपयोगकर्ता के एक्टिव सिम कार्ड से लगातार लिंक्ड रहना होगा। एप्स का वेब वर्जन हर 6 घंटे में ऑटो लॉगआउट होगा। दोबारा लॉग इन करने के लिए QR कोड स्कैन करके डिवाइस को फिर से लिंक करना होगा। इन कंपनियों को भी 120 दिनों में ऑडिट रिपोर्ट जमा करनी होगी।

spot_img

Related Articles

Latest Articles

भगवान बद्रीनाथ के कपाट खुले, आस्था और उल्लास से गूंजा धाम

0
चमोली/देहरादूनः भगवान श्री बद्रीनाथ के कपाट गुरुवार प्रातः 6 बजकर 15 मिनट पर विधिविधान एवं वैदिक मंत्रोच्चार के साथ ग्रीष्मकाल हेतु श्रद्धालुओं के दर्शनार्थ...

सरकार गेमिंग नियम 2026 को अधिसूचित किया, यह पहली मई से प्रभावी होगा

0
नई दिल्ली। सरकार ने आज ऑनलाइन गेमिंग के प्रचार और विनियमन संबंधी नियम-2026 अधिसूचित किए हैं, जो पहली मई से लागू होंगे। इन नियमों...

एयर चाइना ने बीजिंग और दिल्ली के बीच सीधी उड़ानें फिर से शुरू कीं

0
नई दिल्ली। एयर चाइना ने आधिकारिक तौर पर कल से बीजिंग और दिल्ली के बीच सीधी उड़ानें फिर से शुरू कर दी हैं। भारत...

यमुना प्रदूषण मामले में राष्ट्रीय हरित न्यायाधिकरण ने कई एजेंसियों को नोटिस जारी किए

0
नई दिल्ली। राष्ट्रीय हरित न्यायाधिकरण ने यमुना नदी में प्रदूषण को लेकर कई एजेंसियों को नोटिस जारी किए हैं। न्‍यायाधिकरण ने राष्ट्रीय स्वच्छ गंगा...

मुख्यमंत्री धामी ने बीआरओ गेस्ट हाउस में बद्रीनाथ धाम मास्टर प्लान की समीक्षा की

0
चमोली/देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी आज बुधवार को चमोली स्थित बीआरओ गेस्ट हाउस पहुंचे, जहां उन्होंने बद्रीनाथ धाम मास्टर प्लान के अंतर्गत संचालित विभिन्न...