देहरादून/ऋषिकेश। शहर की नियोजित व्यवस्था को बनाए रखने के लिए मसूरी-देहरादून विकास प्राधिकरण (एमडीडीए) ने बुधवार को ऋषिकेश क्षेत्र में अवैध निर्माणों के खिलाफ व्यापक सीलिंग अभियान चलाया। संयुक्त टीम ने पुलिस बल और प्रशासनिक अधिकारियों की मौजूदगी में विभिन्न क्षेत्रों में कार्रवाई करते हुए आठ अवैध बहुमंजिला भवनों को सील कर दिया। बिना मानचित्र स्वीकृति और नियमों के विपरीत किए जा रहे निर्माणों को पहले नोटिस जारी किए गए थे, लेकिन संतोषजनक जवाब न मिलने पर एमडीडीए ने सख्त कदम उठाते हुए सीलिंग की कार्रवाई अमल में लाई।
सीलिंग अभियान की शुरुआत संस्कृति लोक कॉलोनी लेन नंबर-6बी, देहरादून से हुई, जहां हसन द्वारा किए जा रहे अवैध निर्माण को संयुक्त सचिव प्रत्यूष सिंह के आदेश पर सील किया गया। कार्रवाई के दौरान अवर अभियंता निशांत कुकरेती, जयदीप राणा और सुपरवाइजर की टीम मौके पर मौजूद रही।
इसके बाद एमडीडीए की टीम मानविय नगर लेन नंबर-10, ऋषिकेश पहुंची, जहां कृष्णा द्वारा किए जा रहे अवैध निर्माण को सील किया गया। अधिकारियों ने निर्माण कार्य को नियमों के विरुद्ध पाया, जिसके बाद मौके पर कार्रवाई की गई।
लकड़घाट रोड, श्यामपुर ऋषिकेश में रतूड़ी जी द्वारा किए जा रहे अवैध बहुमंजिला निर्माण पर भी प्राधिकरण ने कार्रवाई करते हुए भवन को सील कर दिया। कार्रवाई के दौरान पुलिस बल तैनात रहा।
निर्मल बाग ब्लॉक-बी गली नंबर-11 विस्थापित क्षेत्र में एमडीडीए ने लगातार कई अवैध बहुमंजिला निर्माणों पर सख्त कार्रवाई की। यहां अनुज, विपिन चैधरी और सूरवीर सिंह बिष्ट द्वारा किए जा रहे निर्माणों को सील किया गया।
इसी क्षेत्र में सगुन शर्मा द्वारा दो अलग-अलग स्थानों पर किए जा रहे अवैध बहुमंजिला निर्माणों को अलग-अलग कार्रवाई करते हुए सील किया गया। इसके अलावा संदीप चैधरी के निर्माण पर भी प्राधिकरण ने कार्रवाई की। यह पूरी कार्रवाई एसडीएम ऋषिकेश के आदेशों पर संपन्न हुई। अभियान में क्षेत्रीय सहायक अभियंता अभिषेक भारद्वाज, अवर अभियंताओं और प्राधिकरण की संयुक्त टीम शामिल रही।
मसूरी-देहरादून विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष बंशीधर तिवारी ने कहा कि एमडीडीए क्षेत्र में अवैध निर्माणों के खिलाफ लगातार अभियान चलाया जा रहा है और आगे भी इसी तरह सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। उन्होंने कहा कि बिना स्वीकृत मानचित्र और मानकों के विपरीत निर्माण भविष्य में सुरक्षा, यातायात और शहरी व्यवस्था के लिए गंभीर समस्या बनते हैं। उन्होंने लोगों से निर्माण कार्य शुरू करने से पहले प्राधिकरण से आवश्यक अनुमति लेने की अपील की।
एमडीडीए सचिव मोहन सिंह बर्निया ने कहा कि प्राधिकरण क्षेत्र में लगातार मॉनिटरिंग की जा रही है और अवैध निर्माणों को चिन्हित कर नियमानुसार कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने बताया कि नोटिस के बावजूद संतोषजनक जवाब न देने वालों के खिलाफ सीलिंग की कार्रवाई की गई है। उन्होंने स्पष्ट किया कि नियमों की अनदेखी करने वालों के खिलाफ आगे भी कठोर कार्रवाई जारी रहेगी।
ऋषिकेश में एमडीडीए का बड़ा अभियान, आठ अवैध बहुमंजिला भवन सील
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