प्रदेश के संस्कृति एवं पर्यटन मंत्री सतपाल महाराज ने अल्मोड़ा के मल्ला महल में हो रहे निर्माण कार्यों का निरीक्षण किया. उन्होंने निरीक्षण के दौरान मल्ला में हो रहे विभिन्न निर्माण कार्यों के बारे में जिलाधिकारी नितिन भदौरिया से जानकारी प्राप्त की और स्वयं निर्माण कार्यों का स्थलीय निरीक्षण भी किया. उन्होंने कहा कि अल्मोड़ा के मल्ला महल का इतिहास काफी पुराना है. इसे हैरिटेज के रूप से संरक्षित कर पर्यटकों के आकर्षण का केंद्र बनाया जा सके. निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी नितिन सिंह भदोरिया पर्यटन अधिकारी राहुल चौबे उप जिला अधिकारी सीमा विश्वकर्मा सहित उपस्थित थे इसके बाद सतपाल महाराज एनआईसी में कैबिनेट बैठक में प्रतिभाग करने के लिए चले गए. इधर उपपा के केंद्रीय अध्यक्ष पीसी तिवारी ने यहां पहुंचे पर्यटन और संस्कृति मंत्री सतपाल महाराज से बातचीत की और उन्हें मल्ला महल में हो रहे निर्माण कार्य के संबंध में एक ज्ञापन भी सौंपा.
अल्मोड़ा पहुँचे पर्यटन मंत्री सतपाल महाराज, मल्ला महल का किया निरीक्षण |Postmanindia
Latest Articles
केंद्रीय मंत्रिमंडल ने भारतीय विमानन कंपनियों की सहायता के लिए 10,000 करोड़ रुपये के...
नई दिल्ली। केंद्रीय मंत्रिमंडल ने भारतीय विमानन कंपनियों को घरेलू और अंतरराष्ट्रीय परिचालन में सहायता देने के लिए दस हजार करोड़ रुपये के ‘एटीएफ...
एनपीसीआई ने कंबोडिया के एसीएलईडीए बैंक के साथ साझेदारी कर यूपीआई भुगतान सुविधा शुरू...
नई दिल्ली। भारतीय राष्ट्रीय भुगतान निगम (एन.पी.सी.आई) ने कंबोडिया में यूपीआई भुगतान सुविधा आरंभ करने के लिए कंबोडिया के प्रमुख वाणिज्यिक बैंक एसीएलईडीए बैंक...
भारत में आवागमन वाहन पारितंत्र अब किसी एक तकनीक पर निर्भर नहीं रहेगा: केंद्रीय...
नई दिल्ली। पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने कहा है कि भारत में आवागमन वाहन पारितंत्र अब किसी एक तकनीक पर...
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने लाओस की उप प्रधानमंत्री और विदेश मंत्री थोंगसावन फोमविहाने से...
नई दिल्ली। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने आज राष्ट्रपति भवन में लाओस की उप प्रधानमंत्री और विदेश मंत्री थोंगसावन फोमविहाने से भेंट की।
इस दौरान राष्ट्रपति...
उत्तराखंड के सीमावर्ती गांवों में युवाओं की सहभागिता को सुदृढ़ करने के लिए विकसित...
देहरादून। युवा मामले एवं खेल मंत्रालय के युवा मामलों के विभाग ने मेरा युवा भारत (एमवाई भारत) के माध्यम से विकसित जीवंत ग्राम कार्यक्रम...
















