नई दिल्ली। सरकार, पश्चिम एशिया में बदलती स्थिति के बीच प्रमुख क्षेत्रों में तैयारियां और सुचारू संचालन सुनिश्चित करने के प्रयास जारी रखे हुए है। पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने आश्वासन दिया है कि वह देश भर में पेट्रोलियम उत्पादों और एलपीजी की निर्बाध उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए सभी आवश्यक उपाय कर रहा है और एलपीजी वितरण में किसी भी प्रकार की कमी की सूचना नहीं मिली है। मंत्रालय ने बताया है कि एलपीजी की जमाखोरी और कालाबाजारी पर अंकुश लगाने के लिए देश भर में प्रवर्तन अभियान चल रहे हैं। कल तक ढ़ाई हजार से अधिक छापे मारे जा चुके हैं। मंत्रालय ने कहा है कि सार्वजनिक क्षेत्र के तेल विपणन निगमों ने अचानक निरीक्षण बढ़ा दिए हैं और कल तक 2 सौ 38 एलपीजी वितरकों पर जुर्माना लगाया गया है और 63 एलपीजी वितरकों को निलंबित किया गया है।
मंत्रालय ने कहा है कि सरकार घरेलू एलपीजी की आपूर्ति को प्राथमिकता दे रही है और कल तक उद्योग में ऑनलाइन एलपीजी बुकिंग में लगभग 98 प्रतिशत की वृद्धि हुई है। मंत्रालय ने रेखांकित किया कि इस माह की 3 तारीख से सार्वजनिक क्षेत्र की तेल विपणन कंपनियों ने 5 किलोग्राम एफटीएल सिलेंडरों के लिए 5 हजार 600 से अधिक जागरूकता शिविर आयोजित किए हैं। उन्हत्तर हजार से अधिक 5 किलोग्राम एफटीएल सिलेंडर बेचे गए हैं। कल तक, 500 से अधिक शिविरों के माध्यम से 5 किलोग्राम एफटीएल के कुल 8 हजार 4 सौ 53 सिलेंडर बेचे गए। मार्च से अब तक लगभग 4 लाख 58 हजार पीएनजी कनेक्शनों में गैस भरी जा चुकी है और लगभग पांच लाख से अधिक अतिरिक्त ग्राहकों ने नए कनेक्शनों के लिए पंजीकरण कराया है।
मंत्रालय ने बताया है कि जिन देशों का हवाई क्षेत्र खुला है, वहां से उड़ानें जारी हैं। 28 फरवरी से अब तक इस क्षेत्र से लगभग 10 लाख 10 हजार यात्री भारत आ चुके हैं। तेहरान स्थित भारतीय दूतावास ने अब तक ईरान से आर्मेनिया और अजरबैजान होते हुए भारत आने वाले 2 हजार 3 सौ से अधिक भारतीय नागरिकों की आवाजाही में सहायता की है। दूतावास ने बताया कि देश भर में बंदरगाहों का संचालन सामान्य है और किसी भी प्रकार की भीड़भाड़ की सूचना नहीं मिली है।

















