देहरादून। दिल्ली-देहरादून इकोनॉमिक कॉरिडोर के लोकार्पण के बाद, ढाई घंटे में दिल्ली का सफर ख्वाब से हकीकत बन चुका है। शुरुआती तीन दिनों में इस आधुनिक एक्सप्रेस वे से गुजरने वाले यात्रियों के अनुभव शानदार रहे हैं। अच्छी बात यह है कि सड़क, रेल परियोजनाओं की यही रफ्तार अगले एक साल बनी रहेगी। इस दौरान कई महत्वपूर्ण इंफ्रा प्रोजेक्ट पूरे होने की उम्मीद है।
केंद्र सरकार के सहयोग से वर्तमान में राज्य के भीतर करीब एक लाख 30 हजार करोड़ के कई इंफ्रा प्रोजेक्ट पर कार्य गतिमान है। इसी क्रम में देहरादून को अगले महीने तक, 1650 करोड़ के लागत से तैयार पौंटा साहिब – देहरादून फोर लेन मार्ग की सुविधा भी मिलने वाली है, यह मार्ग लगभग बनकर तैयार हो चुका है। इसके बाद जून में सहारनपुर बाईपास से हरिद्वार तक छह लेन वाला 51 किमी हाईवे भी यातायात के लिए उपलब्ध हो जाएगा। जबकि इसी साल अक्तूबर तक, हरिद्वार बाईपास के प्रथम चरण का भी कार्य पूरा किए जाने की तैयारी है, कुल 1600 करोड़ की लागत वाली इस परियोजना पर तेजी से काम चल रहा है, जो आगामी कुंभ मेला के लिए महत्वपूर्ण साबित होगी। इधर, कुंभ क्षेत्र की एक और प्रमुख सड़क परियोजना, ऋषिकेश बाईपास पर भी अगस्त तक काम शुरु होने की उम्मीद है, इस परियोजना पर 1100 करोड़ की लागत आएगी। केंद्र सरकार ने 716 करोड़ की लागत से निर्माणाधीन 12 किमी लंबा झाझरा-आशारोडी एलिवेटेड रोड को भी अगले साल अप्रैल तक पूरा करने का लक्ष्य निर्धारित कया है।
कुमाँऊ क्षेत्र की महत्वपूर्ण परियोजना
कुमांऊ क्षेत्र की बात करें तो 1050 करोड़ की लागत से निर्माणाधीन 21 किमी लम्बा रूद्रपुर फोरलेन बाईपास इसी साल अक्टूबर तक पूरा किए जाने की तैयारी है, इससे रुद्रपुर शहर का जाम खत्म हो सकेगा। वहीं 936 करोड़ की लागत से निर्माणाधीन 15 किमी लंबा काशीपुर बाईपास भी इसी साल दिसंबर तक पूरा हो जाएगा। सीमांत क्षेत्र की एक और महत्वपूर्ण सड़क परियोजना टनकपुर-पिथौरागढ़-लिपुलेख का निर्माण कार्य भी अगले एक साल में पूरा होने की उम्मीद है।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का कहना है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा है कि आधुनिक सड़कें ही किसी राज्य की भाग्य रेखा होती हैं। अपने इसी विजन के अनुसार प्रधानमंत्री जी उत्तराखंड में सड़कों का जाल बिछाने पर जोर रहे हैं। केंद्र और राज्य सरकार के प्रयासों से इसमें से कई महत्वपूर्ण परियोजनाएं अगले एक साल में पूरी हो जाएगी। साथ ही हम इसी साल के अंत तक कर्णप्रयाग रेललाइन के प्रथम चरण के कार्यों को भी लोकार्पण कराने के लिए प्रयास कर रहे हैं। इससे उत्तराखंड के पर्यटन और तीर्थाटन को गति मिलेगी।
अगले एक साल में पूरे होंगे राज्य के कई महत्वपूर्ण इंफ्रा प्रोजेक्टः मुख्यमंत्री
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