18 C
Dehradun
Thursday, February 26, 2026


spot_img

प्रधानमंत्री मोदी के ‘विकसित भारत-2047’ विजन को जमीन पर उतारने में हडको बनेगा उत्तराखंड का मजबूत साझेदार

देहरादून। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के ‘विकसित भारत 2047’ के संकल्प को साकार करने और मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में उत्तराखंड को सुनियोजित, आधुनिक एवं समावेशी राज्य के रूप में विकसित करने की दिशा में एक और अहम कदम उठाया गया है। राज्य में सभी के लिए आवास, नए नगरों के विकास और शहरी-ग्रामीण क्षेत्रों में संतुलित विस्तार को गति देने के उद्देश्य से हाउसिंग एंड अर्बन डेवलपमेंट कॉरपोरेशन (हडको) के सहयोग से संचालित योजनाओं की विस्तृत समीक्षा की गई। सचिव आवास डॉ. आर. राजेश कुमार की अध्यक्षता में आयोजित समीक्षा बैठक में प्रधानमंत्री आवास योजना, रेंटल हाउसिंग योजना एवं भविष्य की शहरी विकास रणनीतियों पर गहन विचार-विमर्श किया गया। बैठक का मुख्य फोकस राज्य में आवासीय जरूरतों को दीर्घकालिक दृष्टि से पूरा करना, विशेषकर ईडब्ल्यूएस (आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग) और एलआईजी (निम्न आय वर्ग) के लिए सस्ते, सुरक्षित और टिकाऊ आवास उपलब्ध कराना रहा।
2047 और 2050 तक की जरूरतों को ध्यान में रखकर रणनीति
बैठक में इस बात पर सहमति बनी कि उत्तराखंड की भौगोलिक, सामाजिक और आर्थिक परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए 2047 के विकसित भारत लक्ष्य और 2050 तक की आवासीय जरूरतों के लिए एक समग्र एवं व्यावहारिक कार्ययोजना तैयार की जाए। इसमें शहरी और ग्रामीण दोनों क्षेत्रों में सुनियोजित निर्माण, आधारभूत सुविधाओं का विस्तार और भविष्य के नए नगरों की परिकल्पना शामिल होगी।
नए नगरों के विकास में हडको देगा पूर्ण सहयोग
हडको के क्षेत्रीय प्रमुख एवं राज्य प्रभारी संजय भार्गव ने राज्य सरकार को आश्वस्त किया कि उत्तराखंड में नए शहरों और टाउनशिप के विकास, भूमि अधिग्रहण, मास्टर प्लानिंग और वित्तीय सहयोग में हडको अपनी विशेषज्ञता और अनुभव का पूरा लाभ राज्य को देगा। देश के विभिन्न राज्यों में नए नगर बसाने के अनुभव को उत्तराखंड में भी लागू किया जाएगा।
शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में संतुलित विकास
बैठक में इस बात पर विशेष जोर दिया गया कि आवासीय योजनाएं केवल शहरों तक सीमित न रहें, बल्कि ग्रामीण और पर्वतीय क्षेत्रों में भी सुनियोजित ढंग से लागू हों। इससे पलायन की समस्या को कम करने, स्थानीय रोजगार सृजन और क्षेत्रीय संतुलन को मजबूती मिलेगी।
पर्वतीय जिलों में स्थानीय तकनीक को बढ़ावा
उत्तराखंड के 10 पर्वतीय जिलों में स्थानीय भवन तकनीक और पारंपरिक निर्माण सामग्री के अधिकतम उपयोग पर विशेष ध्यान देने का निर्णय लिया गया। इससे जहां निर्माण लागत कम होगी, वहीं राज्य की सांस्कृतिक विरासत और पर्यावरण संरक्षण को भी बढ़ावा मिलेगा। साथ ही भवन स्वीकृति प्रक्रिया को सरल बनाने और सस्ते आवास निर्माण के लिए नवाचारों को अपनाने पर सहमति बनी।
रेंटल हाउसिंग और सस्ते आवास पर विशेष फोकस
प्रधानमंत्री आवास योजना के साथ-साथ रेंटल आवास योजना को भी गति देने पर चर्चा हुई, जिससे प्रवासी श्रमिकों, युवाओं और कामकाजी वर्ग को सुरक्षित एवं किफायती आवास उपलब्ध कराया जा सके। यह कदम शहरी क्षेत्रों में अनियोजित बसावट को रोकने में भी सहायक होगा।
हडको का मजबूत वित्तीय योगदान
बैठक में जानकारी दी गई कि हडको देहरादून द्वारा राज्य में अब तक 1543.34 करोड़ रुपये की ऋण राशि वाली 115 आवासीय एवं शहरी विकास योजनाओं को मंजूरी दी जा चुकी है। यह आंकड़ा उत्तराखंड में आवास विकास के प्रति हडको की प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
सुनियोजित विकास से बढ़ेगी आवास की उपलब्धता
सरकार और हडको के संयुक्त प्रयासों से राज्य में आवास की उपलब्धता बढ़ेगी, ईडब्ल्यूएस और एलआईजी वर्ग को सम्मानजनक जीवन मिलेगा और उत्तराखंड आधुनिक, टिकाऊ और समावेशी विकास की दिशा में तेजी से आगे बढ़ेगा।
सचिव आवास डॉ. आर. राजेश कुमार का बयान
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी के ‘विकसित भारत 2047’ विज़न और मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में उत्तराखंड में सभी के लिए आवास को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जा रही है। हडको के सहयोग से राज्य में प्रधानमंत्री आवास योजना, रेंटल हाउसिंग और भविष्य के नए नगरों के विकास को नई गति मिलेगी। हमारा लक्ष्य है कि ईडब्ल्यूएस और एलआईजी वर्ग को सस्ते, सुरक्षित और टिकाऊ आवास उपलब्ध कराए जाएं। शहरी और ग्रामीण दोनों क्षेत्रों में सुनियोजित विकास से राज्य का संतुलित और समावेशी विकास सुनिश्चित होगा।
संजय भार्गव, क्षेत्रीय प्रमुख एवं राज्य प्रभारी, हडको का बयान
हडको उत्तराखंड सरकार के साथ मिलकर राज्य में आवास और शहरी विकास के क्षेत्र में पूर्ण सहयोग प्रदान करेगा। नए नगरों के निर्माण, रेंटल हाउसिंग और ईडब्ल्यूएस-एलआईजी वर्ग के लिए सस्ते आवास हमारी प्राथमिकता है। अगले 25 वर्षों को ध्यान में रखते हुए हडको राज्य के लिए एक दीर्घकालिक एवं व्यावहारिक आवास विकास रणनीति तैयार करने में सक्रिय भूमिका निभाएगा।

spot_img

Related Articles

Latest Articles

टॉप लीडरशीप के खात्मे के बाद माओवादियों का हर निशान मिटाने की तैयारी

0
नई दिल्ली। माओवादियों के टॉप लीडरशीप को खत्म करने के बाद उनके हर निशान मिटाने की तैयारी शुरू हो गई है। इसके तहत बड़े...

आठवां वेतन आयोग: ₹54000 न्यूनतम वेतन और पुरानी पेंशन बहाली पर ड्राफ्टिंग कमेटी की...

0
नई दिल्ली: केंद्र सरकार के एक करोड़ से अधिक सरकारी कर्मचारियों और सेवानिवृत्त पेंशनधारियों के लिए एक अहम खबर सामने आई है। लंबे समय...

राष्ट्रपति मुर्मू ने राष्ट्रीय आरोग्य मेला का किया उद्घाटन, औषधीय पौधों को लेकर दिया...

0
मुंबई। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने औषधीय पौधों के लिए जोरदार समर्थन व्यक्त करते हुए कहा कि इनकी खेती न केवल किसानों की आर्थिक स्थिति...

अनिल अंबानी का 3716 करोड़ रुपये का मुंबई स्थित घर एबोड कुर्क

0
नई दिल्ली: प्रवर्तन निदेशालय ने मनी लॉन्ड्रिंग कानून के तहत अनिल अंबानी के 3,716 करोड़ रुपये के मुंबई स्थित घर 'एबोड' को कुर्क कर...

एमडीडीए की बड़ी कार्रवाई, सुरक्षा मानकों की अनदेखी पर ऋषिकेश में बहुमंजिला भवन को...

0
देहरादून। मसूरी-देहरादून विकास प्राधिकरण का प्राधिकरण क्षेत्रों में अवैध निर्माण, अवैध प्लाटिंग के खिलाफ सख्त अभियान जारी है। एमडीडीए ने नियमों की अनदेखी कर...