13.3 C
Dehradun
Friday, February 13, 2026


spot_img

परमाणु क्षेत्र में आत्मनिर्भरता की ओर बढ़ रहा भारत, मंत्री जितेंद्र सिंह ने राज्यसभा में दी जानकारी

नई दिल्ली। प्रधानमंत्री कार्यालय में राज्य मंत्री डा. जितेंद्र सिंह गुरुवार को राज्यसभा में बताया कि भारत का परमाणु ऊर्जा कार्यक्रम एक निर्णायक विस्तार के चरण में है। इस क्षेत्र में आत्मनिर्भरता की ओर तेजी से बढ़ रहा है।
इसे नीतिगत सुधारों, निजी क्षेत्र की भागीदारी और 2047 तक स्पष्ट क्षमता लक्ष्यों का समर्थन प्राप्त है। उन्होंने कहा कि भारत की स्थापित परमाणु ऊर्जा क्षमता 2014 में 4,780 मेगावाट थी, 2026 में बढ़कर 8,780 मेगावाट हो गई है।
इसके 2031-32 तक 22,380 मेगावाट, 2037 तक 47 गीगावाट, 2042 तक 67 गीगावाट और 2047 तक 100 गीगावाट तक पहुंचने का अनुमान है। उन्होंने कहा कि भारत आत्मनिर्भरता और आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ रहा है और भू-राजनीतिक घटनाक्रम चल रही परमाणु परियोजनाओं को बाधित नहीं करेंगे।
उन्होंने आर गिरिराजन, जयराम रमेश, राम गोपाल यादव और एम. थंबीदुरई द्वारा परमाणु ऊर्जा कार्यक्रम से जुड़े समयसीमा, अंतरराष्ट्रीय वार्ता, ईंधन सुरक्षा, सीएसआर पहलों और विद्युत साझाकरण व्यवस्थाओं से संबंधित उठाए गए पूरक प्रश्नों का उत्तर दिया।
कडनकुलम परमाणु ऊर्जा संयंत्र से संबंधित प्रश्नों का उत्तर देते हुए जितेंद्र सिंह ने कहा कि इकाई तीन और चार को 2026-27 तक पूरा करने का लक्ष्य है, जबकि इकाई पांच और छह को 2030 तक पूरा करने का लक्ष्य है। उन्होंने कहा कि भारत-अमेरिका संबंधों में बदलाव सहित हाल के भू-राजनीतिक घटनाक्रमों के कारण किसी भी व्यवधान की आशंका का कोई कारण नहीं है।
मंत्री जितेंद्र सिंह ने एक अन्य प्रश्न के लिखित उत्तर में कहा कि पृथ्वी की निचली कक्षा में उपग्रहों की भीड़भाड़ के कारण उनके टकराने के जोखिम को कम करने के इसरो आवश्यक कदम उठा रहा है। एक अन्य प्रश्न के उत्तर में राज्य मंत्री ने कहा कि जनवरी 2026 तक गगनयान कार्यक्रम पर कुल व्यय लगभग 6,018 करोड़ रुपये हैं। एक और प्रश्न के उत्तर में उन्होंने कहा कि पिछले पांच वर्षों में संघ लोक सेवा आयोग (यूपीएससी) और कर्मचारी चयन आयोग (एसएससी) द्वारा आयोजित भर्ती परीक्षाओं में पेपर लीक की कोई घटना सामने नहीं आई है।

spot_img

Related Articles

Latest Articles

भारत बनाने जा रहा धांसू फाइटर जेट, रोल्स रॉयस देगा इंजन; चीन-पाक में बढ़ी...

0
नई दिल्ली। रोल्स रॉयस भारत में अगली पीढ़ी के लड़ाकू विमानों के इंजन का निर्माण स्थानीय स्तर पर करेगी। खास बात यह है कि...

‘एक राष्ट्र, एक चुनाव संविधान के मूल ढांचे का नहीं करता उल्लंघन’, पूर्व मुख्य...

0
नई दिल्ली: देश में लोकसभा और राज्यों के चुनाव एक ही समय कराए जाने का विरोध करने वालों का कहना है कि इससे संघीय...

सुरक्षा चिंताओं के चलते माली की लिथियम परियोजना से पीछे हटा भारत

0
नई दिल्ली: माली में अस्थिर राजनीतिक हालात और सुरक्षा संबंधी चुनौतियों के चलते भारत ने वहां प्रस्तावित लिथियम अन्वेषण पहल को फिलहाल आगे न...

सुप्रीम कोर्ट से लालढांग-चिल्लरखाल मोटर मार्ग को लेकर आया बड़ा फैसला, सड़क निर्माण का...

0
देहरादून। उत्तराखंड के बहुप्रतीक्षित लालढांग-चिल्लरखाल मोटर मार्ग निर्माण को लेकर सुप्रीम कोर्ट से बड़ी राहत मिली है। सुप्रीम कोर्ट ने इस सड़क निर्माण पर...

ऋषिकेश में अवैध निर्माण और प्लाटिंग पर एमडीडीए का सख्त प्रहार

0
देहरादून। मसूरी-देहरादून विकास प्राधिकरण (एमडीडीए) ने प्राधिकरण क्षेत्रान्तर्गत ऋषिकेश में अवैध निर्माण एवं अवैध प्लाटिंग के विरुद्ध सख्त कार्रवाई करते हुए सीलिंग और ध्वस्तीकरण...