31.6 C
Dehradun
Saturday, May 2, 2026


spot_img

टीबी जांच को डोर टू डोर जाएगी मोबाइल टेस्टिंग वैनः धन सिंह रावत

देहरादून। राष्ट्रीय क्षय उन्मूलन कार्यक्रम के तहत  प्रदेश में टीबी रोगियों को खोजने प्रयास और तेज कर दिये हैं। इसके लिये शीघ्र ही पांच मैदानी जनपदों में मोबाइल टेस्टिंग वैन चलाई जाएगी, जो डोर टू डोर जाकर मरीजों के बलगम की जांच करेगी। रिपोर्ट में पाजीटिव आने वाले टीबी मरीजों को ट्रीटमेंट से जोड़ा जाएगा।
सूबे के चिकित्सा स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा मंत्री डॉ रावत ने बताया कि राज्य में राष्ट्रीय क्षय उन्मूलन कार्यक्रम के तहत टीबी रोगियों की जांच व उपचार युद्ध स्तर चल रहा है। यही वजह है कि टीबी उन्मूलन की दिशा में उत्तराखंड देश के शीर्ष राज्यों में सुमार है। डॉ रावत  ने बताया कि राज्य में टीबी मरीजों की जांच व उपचार अधिक से अधिक हो इसके लिये शीघ्र ही पीपीपी मोड़ में मोबाइल ट्यूबरक्लोसिस टेस्टिंग वैन चलाई जायेगी। इस योजना के तहत राज्य के पांच मैदानी राज्यों को कवर किया जायेगा जिसमें हरिद्वार, ऊधमसिंह नगर, चम्पावत, नैनीताल व देहरादून जनपद शामिल हैं। मोबाइल टेस्टिंग वैन्स इन जनपदों के अलग-अलग क्षेत्रों में जाकर  मरीजों की टीबी जांच करेगी। रिपोर्ट में पाजीटिव आने वाले मरीजों को ट्रीटमेंट से जोड़ा जाएगा। जिससे इस बीमारी पर कंट्रोल किया जा सके। डॉ रावत ने बताया कि  मोबाइल वैन में टीबी जांच के लिए सीबी नेट मशीन के साथ बलगम जांच की सुविधा भी उपलब्ध है। उन्होंने बताया कि इन जनपदों में अधिक से अधिक मरीजों तक पहुंच के लिये बकायदा रूट प्लान तैयार किया जाएगा साथ ही सम्बन्धित जनपद के मुख्य चिकित्साधिकारी द्वारा इस योजना की समय-समय पर मॉनिटरिंग की जाएगी।
सूबे के स्वास्थ्य मंत्री डॉ धन सिंह रावत ने बताया कि उत्तराखंड टीबी उन्नमूलन के क्षेत्र में देश के शीर्ष राज्यों में से एक है। उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री टीबी मुक्त भारत अभियान के तहत राज्य में 10,705 निरूक्षय मित्र बनाया गये हैं, जिनके द्वारा 23,819 टीबी मरीजों की सहायता की। जिनमें से 14,948 टीबी मरीज निरूक्षय मित्र की सहायता ले चुके हैं जबकि 8,871 टीबी मरीजों को निरूक्षय मित्रों द्वारा सहायता प्रदान की जा रही है।
प्रधानमंत्री टीबी मुक्त भारत अभियान के तहत उत्तराखंड तेजी से टीबी उन्मूलन की ओर अग्रसर है। स्वास्थ्य मंत्री डॉ धन सिंह रावत के नेतृत्व में अबतक प्रदेश के 1424 ग्राम पंचायतों के अंतर्गत लगभग 3200 गॉंवों को भारत सरकार द्वारा टीबी मुक्त घोषित किया जा चुका है। जो कि टीबी मुक्त उत्तराखंड की दिशा में उल्लेखनीय प्रगति है।

spot_img

Related Articles

Latest Articles

15 जून तक सीएम घोषणाओं के लंबित शासनादेश जारी करने के निर्देश

0
देहरादून। मुख्यमंत्री घोषणाओं को समयबद्ध रूप से पूर्ण करने तथा उनकी प्रभावी निगरानी के लिए प्रोग्राम इवैल्यूएशन एंड रिव्यू टेक्निक (पी.ई.आर.टी.) चार्ट तैयार किया...

भूमि फर्जीवाड़े पर बड़ी कार्रवाई, आयुक्त ने 24 मामलों में एफआईआर दर्ज कराने के...

0
देहरादून। गढ़वाल आयुक्त विनय शंकर पांडेय की अध्यक्षता में शनिवार को सर्वे चौक स्थित कैंप कार्यालय में लैंड फ्रॉड समन्वय समिति की उच्चस्तरीय बैठक...

निर्वाचन आयोग ने पश्चिम बंगाल के 15 मतदान केंद्रों पर कल पुनर्मतदान के दिए...

0
नई दिल्ली। निर्वाचन आयोग में आज पश्चिम बंगाल के 15 मतदान केंद्रों पर पुनर्मतदान का आदेश दिया। मगराहाट पश्चिम विधानसभा क्षेत्र के 11 और...

नोएडा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे से वाणिज्यिक उड़ानें आगामी 15 जून 2026 से होंगी शुरू

0
नई दिल्ली। नोएडा अंतर्राष्‍ट्रीय हवाई अड्डे ने 15 जून 2026 से हवाई अड्डे पर वाणिज्यिक उडान परिचालन की शुरुआत करने की घोषणा की। इससे...

बौद्ध सर्किट कॉरिडोर में उत्तराखंड को शामिल कराने का होगा प्रयासः महाराज

0
देहरादून। आज के समय में जब समाज को विभिन्न चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है और विश्व में युद्ध के हालात बने हुए...