24 C
Dehradun
Monday, August 31, 2026


spot_img

ननकाना साहिब दर्शन के लिए जा रहे 12 श्रद्धालुओं को पाकिस्तान ने वाघा से लौटाया, कहा- आप हिंदू हो

अमृतसर: श्री गुरु नानक देव जी के 556वें प्रकाश पर्व पर पाकिस्तान जा रहे जत्थे में शामिल नानक नामलेवा 12 हिंदू श्रद्धालुओं को पाकिस्तान कस्टम व इमिग्रेशन के अधिकारियों ने वाघा बॉर्डर से वापस भेज दिया। पाकिस्तानी अधिकारियों ने कहा कि प्रकाशोत्सव मनाने केवल सिख ही जा सकते हैं। हिंदू तीर्थयात्रियों को सिख जत्थे के साथ जाने की अनुमति नहीं है। इन तीर्थयात्रियों को कई घंटों तक पाकिस्तान के वाघा बॉर्डर स्टेशन पर रखा गया और बाद लौटने को कहा गया।
पाकिस्तानी अफसरों के इस रवैये से हिंदू संगठनों में भारी रोष है। उनका कहना है कि पाकिस्तान हिंदुओं और सिखों के भाईचारे में दरार पैदा करने की कोशिश कर रहा है। ऐसा पहली बार हुआ है। इससे पहले हमेशा गुरुधामों में दर्शनों के लिए जाने वाले जत्थों में नानक नामलेवा हिंदू व सिख संयुक्त रूप से जाते रहे हैं। जत्था रवाना होने से कई दिन पहले वीजा जारी हो जाता है।
हिंदू परिवारों के 12 सदस्य 5 नवंबर को जत्थे में शामिल होकर पाकिस्तान जा रहे थे। ये 12 श्रद्धालु अंतरराष्ट्रीय अटारी-वाघा सीमा मार्ग से पाकिस्तान जा रहे 1942 श्रद्धालुओं के जत्थे में शामिल थे। जत्थे में शामिल 55 वर्षीय अमीर चंद ने दुखी मन से कहा कि परिवार के सदस्य बहुत खुश थे कि उनकी श्री ननकाना साहिब जाने की हसरत पूरी हो रही है। उन्होंने बताया कि पाकिस्तान कस्टम व इमिग्रेशन के वरिष्ठ अधिकारियों ने कहा था कि श्री गुरु नानक देव जी का प्रकाशोत्सव मनाने के लिए केवल सिख ही जा सकते हैं। हिंदू तीर्थयात्रियों को सिख जत्थे के साथ जाने की अनुमति नहीं है। इससे उन्हें बहुत निराशा हाथ लगी।
इससे पहले अंतरराष्ट्रीय अटारी सीमा पर स्थित इंटेग्रेटिड चेक पोस्ट पर तैनात भारतीय इमिग्रेशन एवं सीमा शुल्क विभाग के अधिकारियों ने हिंदू तीर्थयात्रियों को प्राथमिकता से मंजूरी दी ताकि वे अपने परिवारों के साथ समय पर गंतव्य तक पहुंच सकें।
श्री दुर्ग्याणा तीर्थ कमेटी की प्रधान व पूर्व मंत्री प्रो. लक्ष्मीकांता चावला ने कहा कि पाकिस्तान में हिंदू श्रद्धालुओं को गुरुद्वारा श्री ननकाना साहिब व अन्य गुरुद्वारों के दर्शनों के लिए न जाने देना भारत में लोगों में फूट डालने का घृणित प्रयास है। उन्होंने केंद्र सरकार से अपील की है कि इस बात का गंभीर नोटिस ले और उचित कार्रवाई करे। पूरा देश श्री हरिमंदिर के दर्शन करने आता है और सभी सिख हिंदुस्तान के सभी बड़े मंदिरों में श्रद्धा से माथा टेकते हैं। पाकिस्तान को यह छूट नहीं दी जा सकती कि वह भारत से गए हिंदू श्रद्धालुओं को गुरु घर के दर्शन करने न जाने दे। श्री अकाल तख्त साहिब के जत्थेदार कुलदीप सिंह गड़गज्ज भी पाकिस्तान पहुंचे हैं। उनसे आशा है कि वे इस अन्याय को रोकते और पाकिस्तान की चाल का मुंह तोड़ जवाब देंगे।
भारतीय जनता पार्टी के पंजाब के प्रवक्ता प्रो. सरचांद सिंह ने हिंदू श्रद्धालुओं को वाघा बॉर्डर पर रोके जाने की घटना को निंदनीय, दुखद और गुरु मर्यादा के विपरीत कदम बताया है। उन्होंने कहा कि पाकिस्तान की ओर से सिख जत्थे के साथ जाने वाले हिंदू श्रद्धालुओं को सीमा पार करने से रोकना धार्मिक स्वतंत्रता और मानवाधिकारों का खुला उल्लंघन है। जिन हिंदू श्रद्धालुओं के पासपोर्ट पर हिंदू स्पष्ट रूप से दर्ज था और जिन्हें वीजा जारी किया जा चुका था, उन्हें आखिरी पल पर वाघा बॉर्डर पर रोकना धार्मिक भेदभाव और नफरत की शर्मनाक मिसाल है। यह कदम ऑपरेशन सिंदूर के बाद पाकिस्तान की ओर से सिख–हिंदू एकता को कमजोर करने की नई साजिश के रूप में देखा जा रहा है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि इस तरह का भेदभाव भविष्य में करतारपुर कॉरिडोर या अन्य सिख तीर्थ यात्राओं के दौरान दोहराया गया तो यह बर्दाश्त नहीं होगा।

spot_img

Related Articles

Latest Articles

भारत-कुवैत संयुक्त रक्षा समिति की नई दिल्ली में हुई पहली बैठक भारत-कुवैत संयुक्त रक्षा...

0
नई दिल्ली।  भारत-कुवैत संयुक्त रक्षा समिति- जेडीसी की पहली बैठक आज नई दिल्ली में हुई। बैठक के दौरान, दोनों देशों ने प्रशिक्षण, सैन्य अभ्यास,...

नेपाल-तिब्बत में विनाशकारी बाढ़ में मृतकों की संख्या बढ़कर 547; सीमा के दोनों तरफ...

0
नई दिल्ली। नेपाल और तिब्बत में विनाशकारी बाढ़ से मृतकों की संख्या बढ़कर 547 हो गई है। 1,545 लोग अब भी लापता हैं। राहत...

भारत ने नेपाल में बचाव और राहत कार्यों के लिए 47 टन से ज़्यादा...

0
नई दिल्ली।  विदेश मंत्रालय ने बताया कि नेपाल में बुधवार को अचानक बाढ़ की त्रासदी के बाद 320 भारतीय नागरिकों से संपर्क नहीं हो...

लोक भवन में उल्लास और आत्मीयता के साथ मनाया गया रक्षाबंधन पर्व

0
देहरादून:  रक्षाबंधन के पावन पर्व पर आज लोक भवन में प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय की बहनों ने राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (से नि)...

मुख्यमंत्री धामी की बड़ी घोषणाः अब 60 वर्ष की आयु से महिलाओं को रोडवेज...

0
देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रदेश में महिलाओं की सुविधा, सुरक्षा और गरिमा को ध्यान में रखते हुए आधुनिक सुविधाओं से युक्त हाईटेक...