17.5 C
Dehradun
Wednesday, February 18, 2026


spot_img

पीएम मोदी ने पुतिन को दिए कई उपहार, खास तोहफों में दिखी मित्रता की गर्माहट

नई दिल्ली: पीएम मोदी ने रूसी राष्ट्रपति को गीता से लेकर केसर तक पारंपरिक-आधुनिक उपहार दिए हैं। इन उपहारों को भारत की पहचान, परंपरा और आधुनिक संवेदनाओं का मिश्रण माना जा रहा है। प्रधानमंत्री मोदी द्वारा पुतिन को दिए गए ये प्रतीकात्मक उपहार दोनों देशों की दोस्ती को नए दौर में और मजबूती से आगे बढ़ाने का संदेश देते हैं।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन से मुलाकात के दौरान भारत की विरासत, संस्कृति और कारीगरी को दर्शाने वाले कई खास उपहार भेंट किए। ये उपहार केवल वस्तुएं नहीं बल्कि भारत और रूस के बीच पुरानी दोस्ती, परंपरा और विश्वास के प्रतीक माने जा रहे हैं। इस उपहार सूची में भारतीय कला, कृषि, साहित्य और शिल्प कौशल की झलक साफ दिखाई देती है, जो भारत की विविधता और समृद्ध सांस्कृतिक पहचान को दर्शाती है।
महाभारत का हिस्सा और विश्वभर में आध्यात्मिक मार्गदर्शक मानी जाने वाली गीता का रूसी अनुवाद राष्ट्रपति पुतिन के लिए एक विशेष भावनात्मक उपहार माना जा रहा है। इसमें भगवान श्रीकृष्ण द्वारा अर्जुन को दिए गए कर्तव्य, आत्मा, धर्म और मोक्ष के संदेश दर्ज हैं। यह ग्रंथ आज भी दुनिया भर में मानवीय मूल्यों और आत्मिक शांति का स्रोत है।
कश्मीर की ऊंचाई वाले इलाकों में उगने वाला ‘कांग’ या ‘जफरान’ दुनिया में सबसे उम्दा केसर माना जाता है। इसका रंग, स्वाद और सुगंध इसे अनोखा बनाता है। जीआई टैग और ओडीओपी की मान्यता पाने वाला यह केसर वहां के किसानों की मेहनत और पारंपरिक खेती की पहचान है। इसे रेड गोल्ड यानी लाल सोना भी कहा जाता है।
आगरा के कारीगरों द्वारा बनाए गए इस शतरंज सेट में संगमरमर पर नाजुक इनले कार्य किया गया है। ओडीओपी पहल और पारंपरिक नक्काशी कला का सुंदर मेल यह शतरंज सेट एक उपयोगी वस्तु के साथ-साथ सजावटी कला का हिस्सा भी है। इसका डिज़ाइन उत्तर भारत की समृद्ध कलाकारी की झलक देता है। हाथ से बनी इस चांदी की घोड़े की प्रतिमा पर की गई सूक्ष्म कारीगरी भारतीय धरोहर और धातु कला का प्रतिनिधित्व करती है। घोड़ा साहस, शक्ति और आगे बढ़ने की सोच का प्रतीक माना जाता है। इसे भारत-रूस संबंधों के लगातार प्रगति और मजबूती की ओर बढ़ते कदम का रूपक भी बताया जा रहा है।

spot_img

Related Articles

Latest Articles

सीएम धामी ने किया ‘चंपावत सरस कॉर्बेट महोत्सव’ का शुभारम्भ

0
देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मुख्यमंत्री कैंप कार्यालय, देहरादून से वर्चुअल माध्यम से ‘चंपावत सरस कॉर्बेट महोत्सव-2026’ का शुभारम्भ किया। इस अवसर पर...

एआई इम्पैक्ट समिट-2026 में बड़ा खुलासा, दुनिया की 16% एआई प्रतिभा भारतीय

0
नई दिल्ली: इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट की रिपोर्ट के अनुसार, दुनिया की 16 प्रतिशत एआई प्रतिभा भारतीय मूल के है। इस क्षेत्र में अगले...

भारतीय तटरक्षक बल की कार्रवाई, भारत के जलसीमा में मछली पकड़ते 28 बांग्लादेशी को...

0
कोलकाता: भारतीय तटरक्षक बल ने बंगाल की खाड़ी में अवैध रूप से मछली पकड़ रही एक बांग्लादेशी नाव को पकड़ा है। आईसीजीएस अमृत कौर...

‘द्विपक्षीय रणनीतिक साझेदारी को नए स्तर पर ले जाने का फैसला लिया’

0
नई दिल्ली। फ्रांसीसी राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों की भारत यात्रा पर विदेश मंत्रालय ने मंगलवार को विशेष प्रेस वार्ता की। फ्रांस में भारत के राजदूत...

दीक्षांत केवल डिग्री नहीं, आत्मबोध से राष्ट्रबोध की यात्राः राज्यपाल

0
देहरादून/रुड़की। राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (से नि) ने कोर विश्वविद्यालय, रुड़की के दूसरे दीक्षांत समारोह में प्रतिभाग कर विद्यार्थियों को डिग्री और मेडल...