23.2 C
Dehradun
Monday, August 31, 2026


spot_img

सीएम धामी ने कर दिया है ऐलान अपराध के खिलाफ जीरो टॉलरेंस और अपराधियों का नहीं है देवभूमि में कोई स्थान

देहरादून: पहाड़ की बेटी अंकिता की हत्या ने उत्तराखण्ड ही नहीं पूरे देश को झकझोर रखा है। प्रदेश में जगह-जगह इसके खिलाफ प्रदर्शन हो रहे हैं और लोगों में व्यापक रूप से रोष है। स्वयं मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी इस हत्याकांड से अत्यंत आहत हैं और वो खुद पूरे मामले की निगरानी कर रहे हैं। शुक्रवार को उन्होंने अंकिता के पैतृक गांव पहुंच दिवंगत बेटी के माता-पिता से मिल, इनके दर्द को साझा करने का प्रयास किया।

अंकिता के माता-पिता से मिलने के बाद मुख्यमंत्री जी का भी गला रुंध गया और उन्होंने ने एक बार फिर दोहराया कि अंकिता के दोषियों को किसी भी रूप में बख्शा नहीं जाएगा। सीएम बोले कि ऐसा जघन्य अपराध करने वालों के लिए देवभूमि में कोई जगह नहीं है हमारा हर तरह से ये प्रयास रहेगा कि दोषियों को कठोर से कठोर सजा मिले। भावुक हुए मुख्यमंत्री ने अंकिता के माता पिता से कहा कि- मुझसे जो भी बन पड़ेगा मैं करूंगा और हर समय आपकी मदद और सहायता के लिए तैयार रहूंगा। इस से पहले मुख्यमंत्री द्वारा पीड़ित परिवार को 25 लाख रुपये बतौर सहायता राशि देने की भी घोषणा की गई थी। साथ ही परिजनों को त्वरित न्याय मिल सके, इसके लिये फास्ट ट्रैक कोर्ट में सुनवाई के लिए न्यायालय से अनुरोध भी किया गया है।

18 सितंबर को लापता हुई अंकिता भंडारी का शव 24 सितंबर को चिल्ला नहर से बरामद किया गया था। आरोप है कि अंकिता जिस रिसॉर्ट में कार्यरत थी उसके संचालक उस पर अनैतिक काम करने का दबाव बना रहे थे। अंकिता के निकट रहे लोगों का ऐसा दावा है कि रिसोर्ट में देह व्यापर और नशे का कारोबार होता था जिसमें शामिल होने से अंकिता ने मना कर दिया था। इसी से नाराज हो कर रिसॉर्ट संचालकों ने उसकी हत्या कर दी। ये रिसॉर्ट भारतीय जनता पार्टी से जुड़े रहे विनोद आर्य के बेटे पुलकित आर्य का है।

मामला संज्ञान में आने के तुरंत बाद मुख्यमंत्री जी ने मुख्य आरोपी पुलकित आर्य के भाई अंकित आर्य को उत्तराखंड अन्य पिछड़ा वर्ग आयोग के उपाध्यक्ष पद से हटा दिया। इतना ही नहीं सीएम धामी की सिफ़ारिश पर अंकित आर्य और उनके पिता विनोद आर्य को भाजपा से भी निष्कासित कर दिया गया। फिलहाल SIT मामले की जांच कर रही है और पुलकित आर्य समेत तीनों आरोपी पुलिस रिमांड पर हैं।

अंकिता के परिजनों से मुलाकात के अलावा शुक्रवार को ही सीएम धामी ने पुलिस के आला अधिकारियों के साथ एक बैठक की जिसमें पुलिस के कामकाज की समीक्षा की गई। बैठक में मुख्यमंत्री ने कहा कि जन समस्याओं एवं जन शिकायतों का त्वरित समाधान हो और पुलिस इंटेलिजेंस को और अधिक सशक्त करने के लिए विशेष प्रयास किए जाएं। सीएम धामी के तेवरों को देख ये तय है कि वो कानून व्यवस्था को लेकर किसी भी प्रकार की हीलाहवाली के पक्ष में नहीं है।

मुख्यमंत्री बनने के बाद से ही वो लगातार सिस्टम की ओवरहॉलिंग का कार्य कर रहे हैं। भ्रष्टाचार और अपराध के खिलाफ पहले दिन से सीएम धामी ने कड़ा रुख अपनाया हुआ है और लगातार इस पर प्रहार कर रहे हैं। बीते सप्ताह मुख्यमंत्री धामी ने प्रेस कॉन्फ़्रेंस कर कहा था कि उत्तराखंड में अब वो समय आ गया है कि जब निर्णय होंगे… धड़ाधड़ निर्णय होंगे और जनता के पक्ष में निर्णय होंगे। सीएम धामी का इरादा देख कर साफ है कि वो उत्तराखंड में भ्रष्टाचारियों और अपराधियों की नकेल कस कर ही दम लेंगे।

spot_img

Related Articles

Latest Articles

भारत-कुवैत संयुक्त रक्षा समिति की नई दिल्ली में हुई पहली बैठक भारत-कुवैत संयुक्त रक्षा...

0
नई दिल्ली।  भारत-कुवैत संयुक्त रक्षा समिति- जेडीसी की पहली बैठक आज नई दिल्ली में हुई। बैठक के दौरान, दोनों देशों ने प्रशिक्षण, सैन्य अभ्यास,...

नेपाल-तिब्बत में विनाशकारी बाढ़ में मृतकों की संख्या बढ़कर 547; सीमा के दोनों तरफ...

0
नई दिल्ली। नेपाल और तिब्बत में विनाशकारी बाढ़ से मृतकों की संख्या बढ़कर 547 हो गई है। 1,545 लोग अब भी लापता हैं। राहत...

भारत ने नेपाल में बचाव और राहत कार्यों के लिए 47 टन से ज़्यादा...

0
नई दिल्ली।  विदेश मंत्रालय ने बताया कि नेपाल में बुधवार को अचानक बाढ़ की त्रासदी के बाद 320 भारतीय नागरिकों से संपर्क नहीं हो...

लोक भवन में उल्लास और आत्मीयता के साथ मनाया गया रक्षाबंधन पर्व

0
देहरादून:  रक्षाबंधन के पावन पर्व पर आज लोक भवन में प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय की बहनों ने राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (से नि)...

मुख्यमंत्री धामी की बड़ी घोषणाः अब 60 वर्ष की आयु से महिलाओं को रोडवेज...

0
देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रदेश में महिलाओं की सुविधा, सुरक्षा और गरिमा को ध्यान में रखते हुए आधुनिक सुविधाओं से युक्त हाईटेक...