नई दिल्ली। भारत तथा त्रिनिदाद और टोबैगो के बीच पर्यटन, स्वास्थ्य, अवसंरचना और आयुर्वेद सहित विभिन्न क्षेत्रों में आठ समझौतों पर हस्ताक्षर हुए हैं। विदेश मंत्री एस जयशंकर की त्रिनिदाद और टोबैगो की दो दिवसीय यात्रा के दौरान इन समझौतों पर हस्ताक्षर हुए। विदेश मंत्रालय ने एक बयान में कहा है कि दोनों पक्षों के बीच त्रिनिदाद और टोबैगों के विदेश मंत्रालय और कैरीकॉम भवन में सौर ऊर्जा संयंत्रों के उपयोग, वेक्टर नियंत्रण, नेल्सन द्वीप के अवसंरचना उन्नयन और वेस्ट इंडीज विश्वविद्यालय में आयुर्वेद विभाग स्थापित करने के समझौतों पर हस्ताक्षर किए गए।
डॉ. जयशंकर की कल कैरेबियाई देशों की दो दिवसीय यात्रा संपन्न हुई। इस यात्रा के दौरान उन्होंने प्रधानमंत्री कमला प्रसाद-बिसेसर और अन्य वरिष्ठ नेताओं के साथ द्विपक्षीय सहयोग बढ़ाने पर चर्चा की और पिछले वर्ष प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की त्रिनिदाद और टोबैगो की यात्रा के दौरान की गई घोषणाओं की प्रगति की समीक्षा की।
प्रधानमंत्री प्रसाद-बिसेसर की उपस्थिति में डॉ. जयशंकर ने चयनित स्कूली बच्चों को दो हजार लैपटॉप का पहला बैच सौंपा और एक कृषि-प्रसंस्करण सुविधा का उद्घाटन किया। भारत ने इसके लिये पिछले वर्ष दस लाख डॉलर की मशीनरी उपलब्ध कराई थी। सुश्री प्रसाद-बिसेसर और डॉ. जयशंकर ने पेनाल में त्रिनिदाद और टोबैगो के राष्ट्रीय कृत्रिम अंग केंद्र का संयुक्त रूप से उद्घाटन किया।

















