30.4 C
Dehradun
Wednesday, August 12, 2026


spot_img

उपराज्यपाल सिन्हा का दावा-घाटी से छह माह में आतंकवाद का पूरी तरह करेंगे सफाया

श्रीनगर: उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने कहा कि छह माह के भीतर जम्मू-कश्मीर से आतंकवाद और उसके पारिस्थितिकी तंत्र का पूरी तरह से सफाया करेंगे। कहा कि हम शांति खरीदने में नहीं, बल्कि शांति स्थापित करने में विश्वास करते हैं। जम्मू-कश्मीर पुलिस और सुरक्षाबल इस पर काम कर रहे हैं। उपराज्यपाल ने यह बात शनिवार को श्रीनगर में उद्योगपतियों के प्रतिनिधिमंडल से मुलाकात के दौरान कही। प्रतिनिधिमंडल में पूर्व विधायक विक्रमादित्य सिंह, वाईपीओ-ग्लोबल वन के सदस्य और उद्योगपति शामिल रहे।
इससे पहले एलजी ने शेर-ए-कश्मीर इंटरनेशनल कन्वेंशन सेंटर (एसकेआईसीसी) में सूफी कॉन्फ्रेंस ””नूर-ए-समा”” को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि आतंक के सरपरस्तों और सौदागरों को दोबारा सिर उठाने नहीं देंगे। निर्दोष लोगों का खून बहाना दहशतगर्दों का धंधा बन गया है। राष्ट्र के दुश्मनों ने आतंक का एक बड़ा पारिस्थितिकी तंत्र तैयार कर दिया है।
पिछले चार-पांच वर्षों में जम्मू-कश्मीर पुलिस, सुरक्षाबलों और प्रशासन ने लोगों के साथ मिलकर केंद्र शासित प्रदेश को उस दौर से बाहर निकालने में काफी हद तक सफलता हासिल की है, लेकिन अब भी लंबा रास्ता तय करना है। कुछ राष्ट्रविरोधी तत्व सक्रिय होने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन ऐसे किसी भी व्यक्ति को उभरने नहीं दिया जाएगा। मुझे खुशी है कि जम्मू-कश्मीर के युवाओं ने सरकार की योजनाओं को समझना शुरू कर दिया है।
एलजी ने सूफी विद्वानों से अपील की कि वे सुनिश्चित करें कि राष्ट्रविरोधियों के लिए समाज में कोई जगह न हो। युवाओं के बीच सूफीवाद को लोकप्रिय बनाने के लिए दीर्घकालिक योजना बनाने की जरूरत है, ताकि लोगों के बीच चरमपंथी विचारधारा को पनपने का मौका न मिले। अगर ऐसा करने के लिए सूफीवाद के आदर्शों को आधुनिक बनाने की जरूरत है, तो इसके लिए काम करना जरूरी है।
हमें इसे (सूफीवाद के संदेश को) नए माध्यमों से युवाओं तक ले जाना होगा। सिन्हा ने सूफी विद्वानों, सेव यूथ, सेव फ्यूचर फाउंडेशन और इस पहल से जुड़े सभी लोगों को बधाई दी। कहा कि सूफीवाद समाज में शांति और सद्भाव के लिए सबसे शक्तिशाली माध्यम है। सूफीवाद विभाजन को दूर करने और दिलों को करीब लाने की अंतिम कला है। इस मार्ग पर यात्रा में विभिन्न पृष्ठभूमि के लोगों को एकजुट करने की क्षमता है।

spot_img

Related Articles

Latest Articles

संसद ने पारित किया अधिकरण सुधार विधेयक

0
नई दिल्ली। संसद ने अधिकरण सुधार विधेयक, 2026 पारित कर दिया है। आज राज्यसभा ने भी इसे मंजूरी दे दी। लोकसभा पहले ही इस...

संसद के दोनों सदनों की कार्यवाही कई मुद्दों पर विपक्ष के हंगामे के कारण...

0
नई दिल्ली। संसद के दोनों सदनों की कार्यवाही विभिन्न मुद्दों पर विपक्ष के हंगामे के कारण दोपहर दो बजे तक स्थगित की गई। आज...

प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना से अब तक 5 लाख से अधिक परिवार...

0
नई दिल्ली। सरकार ने कहा है कि फरवरी 2024 में शुरू हुई प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना से अब तक 5 लाख से...

मुख्यमंत्री युवा भविष्य निर्माण योजना-2026 का जल्द होगा शुभारंभ

0
देहरादून। उत्तराखंड के युवाओं को प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए बेहतर अवसर उपलब्ध कराने की दिशा में राज्य सरकार की महत्वपूर्ण पहल ‘मुख्यमंत्री...

तमक नाला-घटना का होगा वैज्ञानिक अध्ययन, सचिव आपदा प्रबंधन ने प्रमुख वैज्ञानिक संस्थानों को...

0
देहरादून। जनपद चमोली के ज्योतिर्मठ-मलारी मोटर मार्ग स्थित तमकनाला में 10 अगस्त 2026 को अत्यधिक जलप्रवाह एवं बड़ी मात्रा में मलबा आने की घटना...