नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने फोन पर बातचीत कर भारत-अमेरिका रणनीतिक साझेदारी की प्रगति पर विस्तार से चर्चा की। दोनों नेताओं ने माना कि दो बड़े लोकतांत्रिक देशों के बीच तेज़ी से मजबूत होते संबंध वैश्विक राजनीति में अहम भूमिका निभा रहे हैं। बातचीत का मुख्य फोकस रक्षा, ऊर्जा, सुरक्षा और व्यापार जैसे क्षेत्रों में सहयोग को और गहराई देना रहा।
मोदी और ट्रंप ने भारत-अमेरिका व्यापक वैश्विक रणनीतिक साझेदारी की समीक्षा करते हुए द्विपक्षीय सहयोग में हो रही निरंतर मजबूती पर संतोष जताया। दोनों नेताओं ने इस बात पर जोर दिया कि व्यापार बढ़ाने के लिए गति बनाए रखना आवश्यक है। इसके साथ ही दोनों ने यह भी माना कि आने वाले समय में दोनों देशों को नई तकनीकों, रक्षा और सुरक्षा में आपसी सहयोग बढ़ाने की जरूरत है।
बातचीत के दौरान दोनों नेताओं ने कॉम्पैक्ट कार्यक्रम पर भी चर्चा की। यह कार्यक्रम 21वीं सदी के लिए दोनों देशों के बीच सैन्य, तकनीकी और व्यापारिक सहयोग को मजबूत बनाने पर केंद्रित है। मोदी और ट्रंप ने महत्वपूर्ण तकनीकों, ऊर्जा और रक्षा क्षेत्रों में साझेदारी बढ़ाने पर सहमति जताई। उन्होंने माना कि इन क्षेत्रों में सहयोग दोनों देशों के हित में है।
दोनों नेताओं ने क्षेत्रीय और वैश्विक स्थिति को लेकर भी विचार साझा किए। बातचीत में वैश्विक सुरक्षा, आर्थिक स्थिरता और सहयोगात्मक ढांचे को आगे बढ़ाने पर जोर दिया गया। दोनों देशों ने माना कि कई मुद्दे ऐसे हैं, जिन पर मिलकर काम करने से प्रभावी समाधान निकल सकता है। मोदी और ट्रंप ने साझा चुनौतियों से निपटने के लिए तालमेल बढ़ाने पर सहमति जताई।
बातचीत के दौरान दोनों नेताओं ने कहा कि भारत और अमेरिका के बीच मजबूत और भरोसेमंद रिश्ते भविष्य की वैश्विक व्यवस्था को संतुलित और सुरक्षित बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे। दोनों नेताओं ने संपर्क बनाए रखने और आगे भी नियमित बातचीत करते रहने का निर्णय लिया। उनके अनुसार, निरंतर संवाद से द्विपक्षीय संबंध और बेहतर होंगे और दोनों देशों के साझा हितों को मजबूती मिलेगी।
पीएम मोदी ने डोनाल्ड ट्रंप से फोन पर की बात, द्विपक्षीय संबंधों को लेकर हुई चर्चा
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