21.2 C
Dehradun
Tuesday, April 23, 2024

उत्तराखंड में शैलेश मटियानी पुरस्कार के बदले मानक, अब ऐसे होगा शिक्षकों का चयन |Postmanindia

उत्तराखंड सरकार ने शैलेश मटियानी राज्य शैक्षिक पुरस्कार के लिए शिक्षकों के चयन के मानकों में बदलाव किया है. शिक्षा मंत्री अरविंद पांडे इसके प्रस्ताव पर अपना अनुमोदन दे चुके हैं. जिसके तहत अब 58 साल से अधिक आयु के शिक्षक इस पुरस्कार के लिए आवेदन नहीं कर सकेंगे. वहीं शिक्षकों की पुरस्कार के लिए कम से कम दस साल और प्रिंसिपल व प्रधानाध्यापक के लिए कम से कम 15 साल की सेवा अनिवार्य होगी.  शैलेश मटियानी पुरस्कार के लिए चयन के दौरान शिक्षकों का परीक्षा परिणाम, नए कार्य आदि के आधार पर यह पुरस्कार दिया जाता है. पुरस्कृत होने वाले शिक्षकों को विभाग में दो साल की सेवा का विस्तार, प्रशस्ति पत्र, स्मृति चिन्ह एवं नगद धनराशि से पुरस्कृत किया जाता है, लेकिन इस पुरस्कार के लिए विभाग पर शिक्षकों के चयन में पारदर्शिता न बरते जाने के आरोप लगते रहे हैं. यही वजह है कि सरकार की ओर राज्य स्तर पर शिक्षकों को मिलने वाले इस पुरस्कार के लिए मानकों में बदलाव किया गया है.

शिक्षा मंत्री अरविंद पांडे विभाग के इस प्रस्ताव पर अनुमोदन कर चुके हैं. शिक्षा निदेशालय की ओर से इसके लिए भेजे गए प्रस्ताव के तहत शिक्षकों के चयन में पारदर्शिता के लिए विभिन्न स्तरों पर गठित समितियों द्वारा शिक्षकों को अंक प्रदान किए जाएंगे. जनपदीय समिति की ओर से अधिकतम पांच अंक और मंडलीय समिति की ओर से भी अधिकतम पांच अंक दिए जाएंगे. इसके अलावा मानक प्रपत्र के अनुसार अधिकतम 85 अंक दिए जाएंगे. मंडलीय समिति की ओर से भौतिक सत्यापन एवं परीक्षण के बाद प्रकरणों का मूल्यांकन किया जाएगा. शिक्षा निदेशक आरके कुंवर की ओर से भेजे गए प्रस्ताव के मुताबिक इस पुरस्कार के लिए शिक्षक अब सेवानिवृत्त होने के दो साल पहले तक ही आवेदन कर सकेंगे.

दरअसल, शिक्षा विभाग में कई शिक्षक सेवानिवृत्ति से कुछ समय पहले इस पुरस्कार के लिए आवेदन करते हैं. जब तक पुरस्कार की घोषणा होती है तब तक ये शिक्षक सेवानिवृत्त हो चुके होते हैं. ऐसे में यदि इन शिक्षकों को पुरस्कार मिलता है तो नियम के तहत इन शिक्षकों को दो साल की सेवा का विस्तार देना होगा, लेकिन विभागीय सेवा नियमावली के तहत सेवानिवृत्त होने के बाद शिक्षक को सेवा में नहीं रखा जा सकता. अनुसचिव शिक्षा विभाग शिव विभूति रंजन ने बताया शैलेश मटियानी पुरस्कार के लिए मानकों में कुछ बदलाव किए जा रहे हैं. शिक्षा मंत्री का इस पर अनुमोदन मिल चुका है. बुधवार को इसका शासनादेश जारी कर दिया जाएगा.

यह भी पढ़ें: मौकापरस्त अफ़सरों को सीएम धामी का स्पष्ट संदेश, अगर नहीं माने तो होगी कड़ी कारवाई

spot_img

Related Articles

Latest Articles

राष्ट्रपति 24 अप्रैल को एफआरआई में दीक्षांत समारोह में होंगी शामिल

0
देहरादून। इन्दिरा गाँधी राष्‍ट्रीय वन अकादमी में प्रशिक्षणरत 2022-24 प्रशिक्षण पाठ्यक्रम के दीक्षान्‍त समारोह का आयोजन 24 अप्रैल को दीक्षान्‍त-गृह, वन अनुसंधान संस्‍थान (एफआरआई)...

केंद्रीय शिक्षा सचिव ने परखी राज्य की शिक्षा व्यवस्था

0
देहरादून। केंद्रीय सचिव स्कूली शिक्षा एवं साक्षरता संजय कुमार ने राज्य की शिक्षा व्यवस्था का जायजा लेने के लिए राज्य का भ्रमण किया। राज्य...

चिकित्सा के क्षेत्र में विश्वस्तरीय शिक्षा और सेवा प्रदान करना एम्स संस्थानों की बड़ी...

0
ऋषिकेश। अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान एम्स ऋषिकेश के चतुर्थ दीक्षांत ‌समारोह की मुख्य अतिथि राष्ट्रपति द्रोपदी मुर्मू ने सभी टॉपर 14 छात्र छात्राओं को...

तेज हुई राममंदिर निर्माण की गति, दिसंबर तक पूरा करने के लिए अब चार...

0
अयोध्या: राममंदिर दिसंबर 2024 तक पूर्ण हो जाए इसके लिए मंदिर प्रशासन ने 500 मजदूर अतिरिक्त बढ़ा दिए गए हैं। अब चार हजार मजदूर...

दिल्ली हाईकोर्ट से शिबू सोरेन को फौरी राहत, JMM की संपत्तियों की जांच पर...

0
दिल्ली: दिल्ली उच्च न्यायालय ने झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) के अध्यक्ष शिबू सोरेन से जुड़ी दो संपत्तियों की जांच पर भारत के लोकपाल को...