23 C
Dehradun
Sunday, May 10, 2026


spot_img

ग्राफिक एरा अस्पताल का नया कीर्तिमान बिना ऑपरेशन आहार नली खोली

देहरादून: ग्राफिक एरा अस्पताल में जटिल मामले में एक नन्हें बच्चे का पेसमेकर बदल कर चिकित्सा क्षेत्र में नया इतिहास रच दिया है। इसके साथ ही आहार नली की रूकावट का बिना चीर फाड़ इलाज करने की नई तकनीक ’पोयम’ के जरिए 15 लोगों को ठीक करने में कामयाबी हासिल की है।

ग्राफिक एरा अस्पताल के विशेषज्ञ चिकित्सकों ने आज पत्रकारों से औपचारिक बातचीत में उत्तराखण्ड में पहली बार ये बड़ी कामयाबियां मिलने की जानकारी दी। ग्राफिक एरा के हृदय रोग विशेषज्ञ डा. राज प्रताप सिंह ने बताया कि देहरादून के चार साल के बच्चे के हृदय में लगा पेसमेकर बदलने के एंडो कार्डियल के लिए राज्य में पहली बार हाईब्रिड टेक्निक इस्तेमाल की गई। पेट में टनल बनाकर ये तीसरी जगह पेसमेकर लगाया गया है। अब काफी सालों तक शरीर का विकास होने पर भी किसी बदलाव की जरूरत नहीं होगी।

डा. राज ने बताया कि पहले दिल में छेद का आपरेशन होने के बाद करीब एक साल की उम्र में इस बच्चे को पेसमेकर लगा था। उसके बाद संक्रमण होने पर पेसमेकर बदला गया था। अब बच्चा चार साल का होने पर शरीर में वृद्धि के कारण पेसमेकर के तार छोटे पड़ने लगे और उन्हें टूटने से पहले बदलना उसकी जीवन रक्षा के लिए आवश्यक हो गया था। ऐसी स्थिति में ग्राफिक एरा अस्पताल में हाईब्रिड तकनीक से उसके कंधे के नीचे से पेट के नीचे तक एक टनल बनाकर पेसमेकर लगाया गया। इसमें यह ध्यान रखा गया कि उम्र के साथ शरीर के विकास से पेसमेकर प्रभावित न हो। अगले 10 से 12 वर्षों तक यह पेसमेकर उसके सामान्य जीवन और विकास में उसका साथी रहेगा।

यह आपरेशन करने वाली हृदय रोग विभाग की टीम में विशेषज्ञ डा. अखिलेश पाण्डेय, डा. राज प्रताप सिंह और डा. एस. पी. गौतम शामिल थे। कल इस बच्चे को अस्पताल से छुट्टी दे दी गई। यह उत्तराखण्ड में ऐसा पहला और सफल आपरेशन है।
ग्राफिक एरा अस्पताल के गेस्ट्रोएंटरोलाॅजी के विशेषज्ञ डा. सचिन मंुजाल ने पोयम (च्वमउ) तकनीक से आहार नली में रूकावट से पीड़ित 15 रोगियों का बिना किसी आपरेशन इलाज करने में सफलता हासिल की है। यह तकनीक भी उत्तराखण्ड के लिए नई है।

ग्राफिक एरा अस्पताल के डायरेक्टर आपरेशन व प्रख्यात पल्मोलाॅजी विशेषज्ञ डा. पुनीत त्यागी ने बताया कि दुनिया की एकदम नई तकनीकों से सुसज्जित आपरेशन थियेटर, एडवांस कैथ लैब, एडवांस कोरेनरी केयर यूनिट, बहुत कम रेडिएशन वाली 128 स्लाइस की सीटी स्कैन मशीन, जिससे काॅर्डियल एन्जियोग्राफी भी की जा सकती है और अत्याधुनिक तकनीक थ्री टेस्ला की एमआरआई मशीन के साथ जटिल मामलों में भी अस्पताल में बेहतरीन चिकित्सा सुविधा मुहैया कराई जा रही है। डा. त्यागी ने बताया कि ग्राफिक एरा अस्पताल में कार्डियोलाॅजी, नैफरोलाॅजी, गैस्टो एण्डोलाॅजी, प्लास्टिक सर्जरी, न्यूनेटल इंटेंसिव केयर यूनिट जैसी सुविधाएं नई तकनीकों से जोड़ी गई हैं।

आयुष्मान कार्ड धारकों को भी इनका लाभ मिल रहा है। इस अवसर पर ग्राफिक एरा एजुकेशनल सोसायटी के पदाधिकारी डा. सतीश घनशाला, बिग्रेडियर अश्वनी कपूर और निदेशक इन्फ्रा. डा. सुभाष गुप्ता व कई विशेषज्ञ मौजूद थे।

spot_img

Related Articles

Latest Articles

असम में मुख्यमंत्री पद के लिए भाजपा विधायक दल का नेता चुनने नड्डा और...

0
नई दिल्ली। केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा और हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी शनिवार शाम गुवाहाटी पहुंचे। वे 10 मई को असम विधानसभा में...

राष्ट्रपति ने रंगासामी को पुडुचेरी का मुख्यमंत्री नियुक्त किया, 13 मई को लेंगे शपथ

0
नई दिल्ली। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने शनिवार को एन रंगासामी को पुडुचेरी का मुख्यमंत्री नियुक्त किया है। सूत्रों के अनुसार, रंगासामी 13 मई को...

भारतीय तटरक्षक बल ने नवीनतम पोत आईसीजीएस अचल को सेवा में शामिल किया

0
नई दिल्ली। भारतीय तटरक्षक बल (आईसीजीएस) ने आज गोवा शिपयार्ड लिमिटेड में नई पीढ़ी के अदम्या श्रेणी के फास्ट पेट्रोल वेसल श्रृंखला के नवीनतम...

पश्चिम बंगाल: शुभेंदु अधिकारी ने ली मुख्यमंत्री पद की शपथ, राज्य में पहली बार...

0
नई दिल्ली। पश्चिम बंगाल में भारतीय जनता पार्टी विधायक दल के नेता शुभेंदु अधिकारी ने आज मुख्यमंत्री पद की शपथ ली। इसके साथ ही...

भारत ने एम.आई.आर.वी. प्रणाली से लैस उन्नत अग्नि मिसाइल का किया सफल परीक्षण

0
नई दिल्ली। भारत ने ओडिसा के डॉक्‍टर ए.पी.जे. अब्दुल कलाम द्वीप से मल्टीपल इंडिपेंडेंटली टार्गेटेड री-एंट्री व्हीकल (एम.आई.आर.वी.) प्रणाली से लैस उन्नत अग्नि मिसाइल...